October Junction
October Junction | अक्टूबर जंक्शन – दिव्य प्रकाश दुबे की चौथी किताब है जो बेस्ट seller रह चुकी है। इस किताब की प्रस्तावना में लिखा है – हमारे पर हर कहानी को सुनाने के दो वर्जन होते हैं, एक दूसरों को सुनाने के लिए और दूसरा खुद को समझाने के लिए। जिस दिन कहानी के दोनों वर्जन एक हो जाते हैं उस दिन लेखक अपनी किताब के पहले पन्ने पर लिख देता है – “इस कहानी के सभी पात्र काल्पनिक हैं, इसका जीवित या मृत व्यक्ति से कोई लेना-देना नहीं है” ये एक अदना सा झूठ पूरी कहानी को सच्चा बना देता है।
Q & A
October Junction
-
Add a review
October Junction
Rating*0/5* Rating is requiredYour review* Review is requiredName* Name is requiredEmail* Email is required0.0Based on 0 reviews50%40%30%20%10%0 of 0 reviewsSorry, no reviews match your current selections
-
October Junction | अक्टूबर जंक्शन – दिव्य प्रकाश दुबे की चौथी किताब है जो बेस्ट seller रह चुकी है। इस किताब की प्रस्तावना में लिखा है – हमारे पर हर कहानी को सुनाने के दो वर्जन होते हैं, एक दूसरों को सुनाने के लिए और दूसरा खुद को समझाने के लिए। जिस दिन कहानी के दोनों वर्जन एक हो जाते हैं उस दिन लेखक अपनी किताब के पहले पन्ने पर लिख देता है – “इस कहानी के सभी पात्र काल्पनिक हैं, इसका जीवित या मृत व्यक्ति से कोई लेना-देना नहीं है” ये एक अदना सा झूठ पूरी कहानी को सच्चा बना देता है।
-
-
Q & A
Ask a question
October Junction
Your question* Question is requiredName* Name is requiredEmail* Email is required* Please tick the checkbox to proceedThis site is protected by reCAPTCHA and the Google Privacy Policy and Terms of Service apply.There are no questions yet


Reviews
There are no reviews yet