
Ludhaktey Patthar - Gurudutt-
Original price was: ₹300.00.₹270.00Current price is: ₹270.00. (-10%)

₹300.00 Original price was: ₹300.00.₹270.00Current price is: ₹270.00. (-10%)
There are no reviews yet
Ludhaktey Patthar
गुरुदत्त के ऐतिहासिक उपन्यासों का कथ्य प्राचीन होते हुए भी समकालीन जैसा ही दिखाई देने लगता है । प्रस्तुत खण्ड के उपन्यास ‘ लुढ़कते पत्थर ‘ के अशोक और ‘ पुष्यमित्र ‘ के बृहद्रथ के राज्यों की दुर्बल नीतियाँ , उनके विनाश , राज्यों के पतन और जनता के असन्तोष का कारण बनी थीं । क्या यही कुछ हम आज के राजनैतिक वातावरण में नहीं पाते ? इस दृष्टि से उनके ऐतिहासिक उपन्यासों में प्रस्तुत तथ्य उनके विशेष दृष्टिकोण का एक महत्त्वपूर्ण पहलू हैं । आज भी राज्याधिकारियों में व्याप्त भ्रष्टाचार , स्वार्थवश पारस्परिक हित – चिन्तन का अभाव , अनीति , अशान्ति और अस्थिरता का साम्राज्य व्याप्त दिखाई देता है । इस उपन्यास के वर्ण्यकाल में तो केवल राजप्रासादों तथा बौद्ध विहारों में ही षड्यन्त्रों की रचना का उल्लेख पाया जाता है , किन्तु आज के वातावरण में तो नगर – नगर में ही नहीं अपितु नगर की प्रत्येक वीथि तथा ग्राम ग्राम में अपने ही प्रकार के षड्यन्त्र रचे जा रहे हैं , कहीं राज्य के विरुद्ध तो कहीं प्रजा के विरुद्ध स्व ० श्री गुरुदत्त ने अपने उपन्यासों के माध्यम से युग के ऐतिहासिक कर्णधारों को अपने वर्ण्यविषय द्वारा प्रमाण – पुष्ट चेतावनी दी है , दुर्बलता की नीति के परित्याग का आह्वान किया है और उपन्यासों के नायकों के चरित्रों द्वारा उचित और उपयुक्त मार्ग को परिलक्षित किया है । उनका प्रत्येक उपन्यास अन्यतम है । समस्या चाहे ऐतिहासिक हो अथवा राजनैतिक या कुछ अन्य , उन सबका समाधान वे अपने दृष्टिकोण से प्रस्तुत करने में समर्थ रहे हैं । अपने विस्तृत ज्ञान के आधार पर वे विषय का सम्यक् मन्थन कर पाठक के लिए नवनीत प्रस्तुत कर देते हैं । रोचकता उनके उपन्यासों की अन्य विशेषता है
Ludhaktey Patthar
Ludhaktey Patthar
| 5 star | 67 | 67% |
| 4 star | 33 | 33% |
| 3 star | 0% | |
| 2 star | 0% | |
| 1 star | 0% |
Sorry, no reviews match your current selections
गुरुदत्त के ऐतिहासिक उपन्यासों का कथ्य प्राचीन होते हुए भी समकालीन जैसा ही दिखाई देने लगता है । प्रस्तुत खण्ड के उपन्यास ‘ लुढ़कते पत्थर ‘ के अशोक और ‘ पुष्यमित्र ‘ के बृहद्रथ के राज्यों की दुर्बल नीतियाँ , उनके विनाश , राज्यों के पतन और जनता के असन्तोष का कारण बनी थीं । क्या यही कुछ हम आज के राजनैतिक वातावरण में नहीं पाते ? इस दृष्टि से उनके ऐतिहासिक उपन्यासों में प्रस्तुत तथ्य उनके विशेष दृष्टिकोण का एक महत्त्वपूर्ण पहलू हैं । आज भी राज्याधिकारियों में व्याप्त भ्रष्टाचार , स्वार्थवश पारस्परिक हित – चिन्तन का अभाव , अनीति , अशान्ति और अस्थिरता का साम्राज्य व्याप्त दिखाई देता है । इस उपन्यास के वर्ण्यकाल में तो केवल राजप्रासादों तथा बौद्ध विहारों में ही षड्यन्त्रों की रचना का उल्लेख पाया जाता है , किन्तु आज के वातावरण में तो नगर – नगर में ही नहीं अपितु नगर की प्रत्येक वीथि तथा ग्राम ग्राम में अपने ही प्रकार के षड्यन्त्र रचे जा रहे हैं , कहीं राज्य के विरुद्ध तो कहीं प्रजा के विरुद्ध स्व ० श्री गुरुदत्त ने अपने उपन्यासों के माध्यम से युग के ऐतिहासिक कर्णधारों को अपने वर्ण्यविषय द्वारा प्रमाण – पुष्ट चेतावनी दी है , दुर्बलता की नीति के परित्याग का आह्वान किया है और उपन्यासों के नायकों के चरित्रों द्वारा उचित और उपयुक्त मार्ग को परिलक्षित किया है । उनका प्रत्येक उपन्यास अन्यतम है । समस्या चाहे ऐतिहासिक हो अथवा राजनैतिक या कुछ अन्य , उन सबका समाधान वे अपने दृष्टिकोण से प्रस्तुत करने में समर्थ रहे हैं । अपने विस्तृत ज्ञान के आधार पर वे विषय का सम्यक् मन्थन कर पाठक के लिए नवनीत प्रस्तुत कर देते हैं । रोचकता उनके उपन्यासों की अन्य विशेषता है
Ludhaktey Patthar
It was great experience buying the book from this site and the customer service is also great. What impressed me the most was that you personal interest to ensure that my product was delivered to me. when it became apparent that my product won’t be delivered on time due to the laziness of the delivery service then you ensured delivery of another copy to me within two days. I would definitely recommend it to others. Thank-you.
सत्या व्यास जी वैसे तो प्रेम, सामाजिक लेखन करते हैं पर पहली बार थ्रिलर उपन्यास लिखा और क्या खूब लिखा। एक लाइन में कहूं तो कमाल लिखा है। मुझ जैसे नए थ्रिलर लेखक को भी बहुत कुछ सीखने को मिला। सर को अनुराग कुमार जीनियस की ओर से बहुत बहुत शुभकामनाएं।
Customer service and delivery both are good
बढ़िया है वैसे, बस अगर किसी का नम्बर ना लगे तो whatsapp पर भी काल कर लें एक बार …
As it was my first order from the site so obviously I was expecting a early or on time delivery but the product delivered late, yes but it’s a good thing that I got notified via mail. Will shop more . Thanks